कुपवाड़ा/श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर के कुपवाड़ा जिले में ताजा बर्फबारी ने पूरे क्षेत्र को बर्फ की मोटी सफेद चादर से ढक दिया है, जिससे सामान्य जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। जिले के ऊपरी इलाकों में एक फीट से अधिक बर्फ जमा होने के कारण कई प्रमुख संपर्क मार्ग बंद हो गए हैं, जबकि मैदानी इलाकों में भी 3 से 4 इंच तक बर्फबारी दर्ज की गई है। भारी बर्फबारी और कड़ाके की ठंड ने स्थानीय निवासियों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं, और प्रशासन द्वारा कनेक्टिविटी बहाल करने के लिए मशीनरी तैनात की गई है। The Fresh Snowfall in Kupwara has significantly impacted road connectivity and daily routines, especially in high-altitude zones.
खराब मौसम और भारी बर्फ जमने के कारण सामरिक रूप से महत्वपूर्ण जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-44) को एहतियातन बंद कर दिया गया है। अधिकारियों के अनुसार, नवयुग टनल के आसपास भारी बर्फबारी और फिसलन बढ़ने की वजह से यातायात पूरी तरह रोक दिया गया है। यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए वर्तमान में जम्मू से श्रीनगर की ओर किसी भी वाहन को जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है। राजमार्ग के कई हिस्सों में दृश्यता (Visibility) बहुत कम है, जिससे वाहनों का संचालन जोखिम भरा हो गया है। The Closure of Jammu-Srinagar Highway aims to prevent accidents on slippery stretches near Banihal and Qazigund during the ongoing winter spell.
प्रशासन ने यात्रियों को सख्त हिदायत दी है कि वे मौसम साफ होने तक यात्रा करने से बचें और केवल आधिकारिक स्रोतों से मिली जानकारी पर ही भरोसा करें। इस चुनौतीपूर्ण मौसम के बीच, कश्मीर घाटी से मानवता की प्रेरक तस्वीरें भी सामने आ रही हैं। जहाँ एक ओर लोग ठंड से जूझ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर श्रीनगर में कुछ नागरिक कड़ाके की ठंड में पक्षियों और बेजुबान जानवरों को भोजन और आश्रय प्रदान कर रहे हैं। बर्फ से ढकी सड़कों पर इन बेसहारा जीवों के लिए भोजन उपलब्ध कराना एक सराहनीय पहल बनकर उभरा है। This Humanitarian Effort in Kashmir showcases the resilience and compassion of the local community towards stray animals during harsh winters.