वाशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस-यूक्रेन युद्ध को लेकर एक ऐसा बयान दिया है जिसने वैश्विक कूटनीति में खलबली मचा दी है। बुधवार, 14 जनवरी 2026 को ओवल ऑफिस में रॉयटर्स (Reuters) को दिए एक विशेष इंटरव्यू में ट्रंप ने दावा किया कि रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन युद्ध समाप्त करने के लिए 'तैयार' हैं, लेकिन यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की इस शांति समझौते की राह में सबसे बड़ी बाधा बने हुए हैं। जब ट्रंप से पूछा गया कि करीब चार साल से जारी इस संघर्ष का समाधान अब तक क्यों नहीं हो पाया, तो उन्होंने सीधा और संक्षिप्त उत्तर दिया— "जेलेंस्की।"
The U.S. President expressed frustration over what he perceives as a lack of urgency from Kyiv, stating, "I think he (Putin) is ready to make a deal. I think Ukraine is less ready." ट्रंप का यह रुख उनके यूरोपीय सहयोगियों के बिल्कुल विपरीत है, जो लगातार यह तर्क देते रहे हैं कि पुतिन की दिलचस्पी युद्ध खत्म करने में नहीं, बल्कि यूक्रेन की संप्रभुता को पूरी तरह समाप्त करने में है। वर्तमान में ट्रंप के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और दामाद जैरेड कुशर (Jared Kushner) के नेतृत्व में एक 20-सूत्रीय शांति योजना पर काम चल रहा है, जिसके तहत यूक्रेन को भविष्य में सुरक्षा गारंटी देने और कुछ विवादित क्षेत्रों में 'मुक्त आर्थिक क्षेत्र' बनाने के प्रस्ताव शामिल हैं।
Despite the U.S. pressure, President Zelensky has publicly ruled out any territorial concessions and remains cautious about any deal that does not provide "concrete and enforceable" security assurances. ट्रम्प के इस बयान के बाद कीव और पेरिस जैसे यूरोपीय शहरों में बेचैनी बढ़ गई है। यूरोपीय नेताओं का मानना है कि पुतिन केवल समय हासिल करने के लिए बातचीत का ढोंग कर रहे हैं, जबकि वे यूक्रेन के ऊर्जा बुनियादी ढांचे पर हमले तेज कर रहे हैं। वहीं, ट्रंप ने अगले हफ्ते दावोस (Davos) में होने वाले 'वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम' में जेलेंस्की से मिलने की संभावना जताई है, जहाँ वे इस गतिरोध को तोड़ने की कोशिश कर सकते हैं।