नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने अपने नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव की आधिकारिक प्रक्रिया शुरू कर दी है, जो पार्टी के 'संगठन पर्व-2024' का अंतिम चरण है। पार्टी के राष्ट्रीय चुनाव अधिकारी डॉ. के. लक्ष्मण द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, इस बार पार्टी की कमान एक युवा चेहरे के हाथ में जाने वाली है। वर्तमान कार्यकारी अध्यक्ष नितिन नबीन का पूर्णकालिक अध्यक्ष चुना जाना लगभग तय माना जा रहा है। 46 वर्षीय नबीन भाजपा के इतिहास के सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष होंगे। इस चुनाव को जेपी नड्डा के लंबे कार्यकाल के बाद संगठन में एक बड़े 'पीढ़ीगत बदलाव' के रूप में देखा जा रहा है। चुनाव प्रक्रिया 16 जनवरी 2026 से शुरू हो चुकी है और 20 जनवरी तक नए अध्यक्ष के नाम का औपचारिक एलान कर दिया जाएगा।
The election process follows a strict constitutional framework of the BJP, starting with the publication of the Electoral College list. भाजपा के नियमों के मुताबिक, इलेक्टोरल कॉलेज में राष्ट्रीय परिषद के सदस्य और राज्यों से चुने गए प्रतिनिधि शामिल होते हैं। अध्यक्ष पद के उम्मीदवार के लिए कम से कम 15 साल तक सक्रिय सदस्य होना अनिवार्य है। नामांकन के लिए कम से कम 20 सदस्यों का प्रस्ताव आवश्यक है, जो कम से कम पांच अलग-अलग राज्यों से होने चाहिए। सूत्रों के अनुसार, नितिन नबीन के समर्थन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह स्वयं प्रस्तावक बनेंगे, जो पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के उनके प्रति अटूट विश्वास को दर्शाता है।
| महत्वपूर्ण चरण | निर्धारित तिथि और समय (2026) |
|---|---|
| इलेक्टोरल कॉलेज सूची जारी | 16 जनवरी (दोपहर 12:00 बजे) |
| नामांकन दाखिल करना | 19 जनवरी (दोपहर 2:00 से 4:00 बजे) |
| नामांकन पत्रों की जांच | 19 जनवरी (शाम 4:00 से 5:00 बजे) |
| नाम वापसी की समय-सीमा | 19 जनवरी (शाम 5:00 से 6:00 बजे) |
| मतदान और परिणाम (यदि आवश्यक हो) | 20 जनवरी (सुबह 11:30 से 1:30 बजे) |
The formal takeover is expected to be a high-profile event at the party headquarters on January 20, attended by Chief Ministers of BJP-ruled states and senior functionaries. नितिन नबीन, जो बिहार के बांकीपुर से विधायक हैं और राज्य सरकार में मंत्री रह चुके हैं, को पिछले साल 14 दिसंबर को कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया गया था। 'खरमास' की अवधि समाप्त होने के बाद अब उनकी पूर्णकालिक नियुक्ति की जा रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि नबीन के कंधों पर 2029 के लोकसभा चुनावों की तैयारी और आगामी पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों में पार्टी को जीत दिलाने की बड़ी जिम्मेदारी होगी। आरएसएस (RSS) के मजबूत समर्थन के साथ, नबीन का कार्यकाल संगठन में युवाओं और अनुभवी नेताओं के एक नए संतुलन का संकेत दे रहा है।