गुरुग्राम (हरियाणा): गुरुग्राम के भोंडसी स्थित स्नेह विहार के एक निजी स्कूल से मानवता को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई है। यहाँ आठवीं कक्षा के एक छात्र को तीन शिक्षकों और प्रिंसिपल ने कथित तौर पर इतनी बेरहमी से पीटा कि मासूम के बाएं जबड़े और दांतों की जड़ों में Fracture हो गया। चोट इतनी गंभीर है कि छात्र पिछले 15 दिनों से केवल 'लिक्विड डाइट' (तरल आहार) पर जिंदा है और दर्द के कारण कुछ भी चबाने में असमर्थ है। Gurugram Police ने इस मामले में प्रिंसिपल और तीन शिक्षकों के खिलाफ गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
पीड़ित छात्र की मां ने आरोप लगाया है कि जब उन्हें 28 जनवरी को स्कूल बुलाया गया, तो उनके बेटे का चेहरा सूजन से भरा हुआ था। आरोप है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो स्कूल परिसर में प्रिंसिपल और शिक्षकों ने उनके साथ भी गाली-गलौज और मारपीट की। सेक्टर 10ए स्थित Civil Hospital के डॉक्टरों और हालिया सीटी स्कैन रिपोर्ट ने छात्र के जबड़े में फ्रैक्चर की पुष्टि की है। पुलिस अधिकारी के अनुसार, बच्चे को लगी चोटें स्कूल परिसर में हुई मारपीट की कहानी बयां कर रही हैं।
इस मामले में स्कूल प्रशासन का रवैया भी संदिग्ध नजर आ रहा है। पुलिस द्वारा मांगे जाने पर स्कूल ने CCTV Footage देने से यह कहकर इनकार कर दिया कि उस समय कैमरे काम नहीं कर रहे थे। वहीं, आरोपी प्रिंसिपल अमन यादव ने अपने बचाव में छात्र पर ही कैंटीन से चोरी करने और इंस्टाग्राम पर गाली देने के आरोप लगाए हैं। प्रिंसिपल का यहाँ तक कहना है कि हो सकता है कि मां ने ही बच्चे को बाद में चोट पहुंचाई हो। हालांकि, पुलिस ने इन दावों को प्राथमिक तौर पर खारिज करते हुए जांच तेज कर दी है।
गुरुग्राम पुलिस के प्रवक्ता संदीप तुरान ने बताया कि अस्पताल की विस्तृत रिपोर्ट सोमवार तक आने की उम्मीद है, जिसके बाद आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाएगी। BNS (भारतीय न्याय संहिता) के तहत दर्ज इस मामले ने बाल अधिकारों और स्कूलों में छात्रों की सुरक्षा पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय नागरिकों और अभिभावकों ने आरोपी शिक्षकों को तुरंत बर्खास्त करने और स्कूल का लाइसेंस रद्द करने की मांग की है।